

गौरव श्रीवास्तव /अमन गुप्ता, आजमगढ़ । नेशनल साइबर सिक्योरिटी अवेयरनेस माह (NCSAM) के तहत शुक्रवार, 9 अक्टूबर 2026 को आजमगढ़ के रानी की सराय स्थित नेशनल जुबली इंटर कॉलेज में साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में आयोजित इस कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं और आमजन को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक किया गया। पुलिस ने ऑनलाइन ठगी के नए तरीकों की जानकारी देते हुए उनसे बचाव के उपाय भी बताए।कार्यक्रम अपर पुलिस अधीक्षक यातायात पंकज कुमार श्रीवास्तव के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी अपराध कौस्तुभ त्रिपाठी के नेतृत्व में संपन्न हुआ। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने डिजिटल अरेस्ट के नाम पर ठगी, फर्जी लिंक, संदिग्ध ऐप डाउनलोड कराने, गिफ्ट और लॉटरी के नाम पर धोखाधड़ी, फर्जी सोशल मीडिया प्रोफाइल, म्यूल अकाउंट तथा सेक्सटॉर्शन जैसे साइबर अपराधों के बारे में विस्तार से जानकारी दी।पुलिस ने छात्र-छात्राओं को सलाह दी कि अनजान लोगों की फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार करने से बचें, किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें और अनजान नंबरों से आने वाली वीडियो कॉल को लेकर सतर्क रहें। साथ ही, अपनी निजी जानकारी, ओटीपी और बैंक संबंधी विवरण किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा न करने के प्रति भी सावधान रहने का संदेश दिया गया।जागरूकता बढ़ाने के लिए लाउडहेलर के माध्यम से प्रचार-प्रसार किया गया और पंपलेट वितरित किए गए। पुलिस ने बताया कि साइबर ठगी का शिकार होने पर बिना देर किए हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या आधिकारिक पोर्टल www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं।इस दौरान उपनिरीक्षक शिवकुमार उपाध्याय सहित साइबर क्राइम थाना की पुलिस टीम मौजूद रही। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों और आमजन को सुरक्षित डिजिटल व्यवहार के प्रति जागरूक करना तथा साइबर अपराधों से बचाव के लिए सतर्कता बढ़ाना रहा।
