

गौरव श्रीवास्तव/अमन गुप्ता,आजमगढ़। लालगंज तहसील परिसर में शुक्रवार को जमीन विवाद को लेकर दो पक्ष आमने-सामने आ गए। देखते ही देखते कहासुनी हाथापाई में बदल गई, जिससे तहसील परिसर में अफरा-तफरी मच गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने महिला समेत चार लोगों को हिरासत में लेकर कोतवाली भेज दिया।जानकारी के अनुसार, कोतवाली क्षेत्र के चिरकिहिट गांव निवासी कंचन पाठक ने लगभग एक वर्ष पूर्व उर्मिला पत्नी रामआलम से करीब 21 बिस्वा जमीन की रजिस्ट्री कराई थी। इसी भूमि को लेकर रामवृक्ष राय पुत्र शांता प्रसाद राय और रामाश्रय राय द्वारा न्यायालय से स्थगन आदेश (स्टे ऑर्डर) प्राप्त किया गया है।शुक्रवार को दोनों पक्ष उपजिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे, जहां भूमि विवाद की सुनवाई हुई। पीड़ित पक्ष के अनुसार, उपजिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जब तक स्थगन आदेश प्रभावी है, तब तक कोई भी पक्ष विवादित भूमि पर कोई कार्य नहीं करेगा।आरोप है कि सुनवाई के बाद तहसील परिसर से बाहर निकलते ही दोनों पक्षों के बीच फिर से विवाद शुरू हो गया। इस दौरान कंचन पाठक और उनके पति संजय पाठक पर अधिवक्ता शीतला प्रसाद तथा उनके मुवक्किल के साथ हाथापाई करने का आरोप लगाया गया। घटना के बाद तहसील परिसर में बड़ी संख्या में अधिवक्ता एकत्र हो गए।बार एसोसिएशन के अध्यक्ष एडवोकेट नागेंद्र सिंह, एडवोकेट विंध्यवासिनी राय, एडवोकेट हामिद अली समेत सैकड़ों अधिवक्ता मौके पर पहुंच गए, जिससे कुछ देर के लिए तनाव का माहौल बन गया।सूचना मिलने पर लालगंज चौकी प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और महिला समेत चार लोगों को कोतवाली ले गए। वहीं, रामवृक्ष राय ने थाने में तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है।फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
