


गौरव श्रीवास्तव/अमन गुप्ता,आजमगढ़। जनपद के बिलरियागंज थाना क्षेत्र में प्रतिबंधित पशु वध मामले में वांछित एक शातिर अभियुक्त को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान घायल अवस्था में गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस टीम पर फायरिंग की, जिसके बाद आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की गई।यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चलाए जा रहे अपराध नियंत्रण अभियान के तहत की गई। जानकारी के अनुसार, 17 मार्च को ग्राम इमलीपुर में खेत में प्रतिबंधित पशु की मुंडी और खाल मिलने से सनसनी फैल गई थी। इस मामले में अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई थी, जिसमें तबरेज समेत चार आरोपियों के नाम सामने आए।पुलिस को सूचना मिली कि वांछित आरोपी तबरेज जलालुद्दीन पट्टी मार्ग से गुजर रहा है। घेराबंदी कर उसे रोकने की कोशिश की गई, लेकिन उसने पुलिस पर जानलेवा फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी और उसे देर रात करीब 1:15 बजे गिरफ्तार कर लिया गया। घायल आरोपी को तत्काल अस्पताल भेजा गया।पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर गोवध की घटनाओं को अंजाम देता था और पहचान छिपाने के लिए पशु के अवशेष खेत में छोड़ देता था। घटना के बाद सभी आरोपी फरार हो गए थे और लगातार ठिकाना बदल रहे थे।पुलिस ने आरोपी के पास से .315 बोर का अवैध तमंचा, एक जिंदा कारतूस और एक खोखा कारतूस बरामद किया है। इस मामले में गोवध निवारण अधिनियम और आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज है, जबकि अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है।
