

गौरव श्रीवास्तव, उत्तर प्रदेश सरकार के पंचायती राज मंत्री एवं सुभासपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने सोमवार को निरीक्षण भवन में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान कहा कि ग्रामीण बच्चों को सरकारी नौकरियों की सही जानकारी और मार्गदर्शन देने के लिए राष्ट्रीय सुहेलदेव सेना का गठन किया गया है। उन्होंने बताया कि पढ़े-लिखे होने के बावजूद गांव के कई युवा जानकारी के अभाव में अवसरों से वंचित रह जाते हैं। इसी समस्या को देखते हुए रिटायर्ड अनुभवी कर्मचारियों को जोड़कर यह अभियान चलाया जा रहा है।मंत्री राजभर ने बताया कि इस सेना में सिपाही, दरोगा, शिक्षक, वीडीओ सहित विभिन्न विभागों से सेवानिवृत्त कर्मचारियों को शामिल किया गया है, जो अपने अनुभव गांव-गांव जाकर युवाओं के साथ साझा करेंगे। फिलहाल इसे 22 जिलों में शुरू किया गया है और जल्द ही 75 जिलों में विस्तार किया जाएगा। इसके साथ ही इसे बिहार में भी लागू करने की योजना है। उन्होंने बताया कि एक लाख सदस्यों का बड़ा नेटवर्क तैयार किया जा रहा है, जिसे अनुशासन और जिम्मेदारियों के बारे में प्रशिक्षित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि गांव के बच्चों को यह समझाने की जरूरत है कि किसी भी भर्ती चाहे होमगार्ड, पुलिस, शिक्षक या अन्य सरकारी नौकरियां में आवेदन व तैयारी कैसे करनी है। सुहेलदेव सेना का उद्देश्य हर बच्चे तक सटीक जानकारी पहुंचाना है, ताकि वह सही दिशा में आगे बढ़ सके।इंडिगो की उड़ान सेवाएं प्रभावित होने के सवाल पर राजभर ने कहा कि इससे जनता को हो रही परेशानी पर प्रधानमंत्री और गृह मंत्री भी चिंतित हैं और समस्या के समाधान के लिए निरंतर प्रयास जारी हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने टिकटों के अतिरिक्त दरों को लेकर भी सख्त निर्देश जारी किए हैं।डॉ. संजय निषाद के ताजा विवादित बयान पर राजभर ने कहा कि उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम के संदर्भ में अपनी भाषा में बात कही है, लेकिन कई लोगों को उसका सही अर्थ समझ नहीं आया, जिससे भ्रम की स्थिति बनी है।आज़मगढ़ में रेलवे निर्माण के घटिया कार्य पर पूछे गए सवाल पर मंत्री ने ठेकेदार को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि “अगर मुझे लिखित शिकायत मिलती है तो आज ही जांच बैठा दूंगा। सरकार किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं करेगी।”डॉलर और रुपये की कीमत पर विपक्षी हमलों को खारिज करते हुए उन्होंने कहा कि आम जनता डॉलर को तभी समझ पाएगी जब उसके पास शिक्षा होगी।“हमारी लड़ाई देश में रोटी, कपड़ा, मकान, शिक्षा और दवाई की है।पंचायत चुनावों को लेकर उन्होंने बताया कि शासन पूरी तरह से तैयार है और चुनाव निर्धारित समय पर ही होंगे।
