


गौरव श्रीवास्तव/अमन गुप्ता,आजमगढ़।लालगंज तहसील के ग्राम गोमाडीह के अनुसूचित जाति समुदाय के ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर गांव के कुछ लोगों पर सरकारी भूमि और वर्षों पुराने कृषि पट्टों की जमीन पर अवैध कब्जा करने का आरोप लगाया है। ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।ग्रामीणों के अनुसार वर्ष 1975-76 में उन्हें सरकारी भूमि पर कृषि पट्टा आवंटित किया गया था, जिस पर वे पिछले करीब 50 वर्षों से खेती करते आ रहे हैं। आरोप है कि गांव के रविन्द्र राय, रमेश राय और ठाकुर राय ने चकबंदी अधिकारियों की मिलीभगत से वाद संख्या 2763/2024 के माध्यम से लगभग 2 बीघा भूमि को अभिलेखों में बढ़ाकर 6 बीघा अपने नाम दर्ज करा लिया।पीड़ितों का यह भी आरोप है कि गांव की लगभग 128 बीघा तालाब एवं सरकारी भूमि पर भी भू-माफियाओं द्वारा अवैध कब्जा किया जा रहा है। जबकि इस मामले में चकबंदी न्यायालय ने यथास्थिति (स्टेटस क्वो) बनाए रखने का आदेश दिया है। इसके बावजूद दबंग कथित रूप से जमीन पर कब्जे का प्रयास कर रहे हैं तथा विरोध करने पर मारपीट, गाली-गलौज और झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी दे रहे हैं।ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से मांग की है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए, वर्ष 1975-76 के पट्टेदारों की भूमि पर हो रहे कथित अवैध कब्जे को तत्काल रोका जाए, लगभग 128 बीघा सरकारी एवं तालाब की भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया जाए तथा न्यायालय के आदेश की अवहेलना करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।शिकायतकर्ताओं में आशा देवी, प्रदीप कुमार, रामदुलार धोबी, हीरालाल धोबी, नरायन धोबी, रामसजन, परशू, शमाजय, पतिराम, कलावती, शांति, बादामी, रीता सहित अन्य ग्रामीण शामिल हैं। फिलहाल मामले में जिला प्रशासन की ओर से जांच और आवश्यक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू होने का इंतजार है।
