

गौरव श्रीवास्तव/अमन गुप्ता,आजमगढ़।जनपद के अहरौला थाना पुलिस ने फर्जी खतौनी के आधार पर जमीन बेचने का झांसा देकर 35 लाख रुपये की ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए मास्टरमाइंड समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त एक क्रेटा कार और पांच मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं।वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन तथा अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण चिराग जैन व क्षेत्राधिकारी बुढ़नपुर के पर्यवेक्षण में अहरौला पुलिस ने बरामदपुर पुलिया के पास चेकिंग के दौरान सूचना के आधार पर क्रेटा कार (UP50 AX 4686) को रोककर तलाशी ली। कार से घटना में प्रयुक्त वाहन और पांच मोबाइल फोन बरामद हुए, जिसके बाद शोभनाथ सेठ, सुधीर सेठ, इन्द्रभूषण सेठ और मुन्नीलाल शर्मा को गिरफ्तार कर लिया गया।पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे फर्जी एवं कूटरचित खतौनी तैयार कर लोगों को जमीन बेचने का झांसा देते थे। विश्वास में लेकर बैंक खाते में आरटीजीएस और नकद के माध्यम से लाखों रुपये वसूल लेते थे, लेकिन न तो जमीन का बैनामा करते थे और न ही रकम वापस करते थे। विरोध करने पर पीड़ितों को गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी जाती थी।मामला तब सामने आया जब अतरौलिया थाना क्षेत्र के दुर्गेश कुमार पाण्डेय ने शिकायत दर्ज कराई कि आरोपियों ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर जमीन दिलाने का झांसा देकर उनसे 35 लाख रुपये हड़प लिए। तहरीर के आधार पर थाना अहरौला में मुकदमा संख्या 241/2026 धारा 420, 467, 468, 471, 504 व 506 आईपीसी के तहत मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।जांच में सामने आया कि गिरोह का सरगना शोभनाथ सेठ पहले से भी कई धोखाधड़ी के मामलों में नामजद है। उसके खिलाफ अहरौला थाने में कई मुकदमे दर्ज हैं, जबकि एनआई एक्ट के तहत भी 20 से अधिक मामले न्यायालय में विचाराधीन हैं। पुलिस अब गिरोह से जुड़े अन्य मामलों और संभावित पीड़ितों की भी जांच कर रही है।
