

फर्जी फर्म वीआर ट्रेडर्स के नाम पर कूटरचित दस्तावेजों और फर्जी जीएसटी बिल के जरिए इनपुट टैक्स क्रेडिट हासिल करने का आरोप
गौरव श्रीवास्तव/अमन गुप्ता,आजमगढ़। फर्जी फर्म पंजीकृत कर कूटरचित दस्तावेजों और फर्जी इनवॉइस बिल के माध्यम से लगभग 5.12 करोड़ रुपये की राजस्व क्षति पहुंचाने के मामले में आजमगढ़ पुलिस ने एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान विकास राठौर (21), पुत्र रामशंकर, निवासी ग्राम जियापुर, थाना महमूदाबाद, जनपद सीतापुर के रूप में हुई है। थाना सिधारी में दर्ज मुकदमे की जांच के दौरान पूछताछ में संलिप्तता सामने आने पर पुलिस ने उसे हिरासत में लिया।पुलिस के अनुसार, 8 जुलाई 2025 को राज्य कर कार्यालय, आजमगढ़ संभाग के वरिष्ठ सहायक राजीव लाल अस्थाना की तहरीर पर थाना सिधारी में मुकदमा दर्ज कराया गया था। आरोप था कि फर्जी फर्म वीआर ट्रेडर्स का पंजीकरण कर कूटरचित दस्तावेजों के माध्यम से फर्जी जीएसटी बिल तैयार किए गए और इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) प्राप्त कर राजस्व को नुकसान पहुंचाया गया। इस मामले में थाना सिधारी पर मुकदमा अपराध संख्या 338/2025 के तहत बीएनएस की विभिन्न धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया गया था।पुलिस ने बताया कि 14 अक्टूबर 2026 को अभियुक्त विकास राठौर को पूछताछ के लिए थाना सिधारी बुलाया गया था। पूछताछ के दौरान मामले में उसकी संलिप्तता पाए जाने पर दोपहर करीब 12:15 बजे उसे गिरफ्तार कर लिया गया। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद अभियुक्त को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया।इस कार्रवाई में उपनिरीक्षक मुरारी मिश्र, चौकी प्रभारी मुसेपुर और हेड कांस्टेबल मनोज कुमार यादव, थाना सिधारी की टीम शामिल रही। मामले में पुलिस की ओर से आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
