आजमगढ़ में NHM संविदाकर्मियों की हड़ताल पर स्वास्थ्य विभाग सख्त, तीन को नोटिस जारी

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15 दिनों से अनुपस्थित कर्मचारियों की सूची तलब, स्वास्थ्य सेवाएं बाधित होने पर अधिकारियों की तय होगी जिम्मेदारी

गौरव श्रीवास्तव/अमन गुप्ता,आजमगढ़। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के तहत कार्यरत संविदाकर्मियों की हड़ताल और कार्य बहिष्कार को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एन.आर. वर्मा ने सभी चिकित्सा अधीक्षकों और स्वास्थ्य केंद्र प्रभारियों को स्वास्थ्य सेवाओं का नियमित संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। वहीं, कार्य बहिष्कार के दौरान अनुपस्थित पाए गए तीन संविदाकर्मियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया जा चुका है।सीएमओ ने बुधवार को आयोजित ऑनलाइन बैठक में अधिकारियों को कर्मचारियों की उपस्थिति पर विशेष निगरानी रखने और हड़ताल के कारण अनुपस्थित रहने वाले संविदाकर्मियों की अनुपस्थिति नियमानुसार दर्ज करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि अनुपस्थित कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के साथ ही उनके विरुद्ध की गई कार्रवाई की जानकारी उच्चाधिकारियों को भी उपलब्ध कराई जाए।स्वास्थ्य सेवाएं बाधित होने पर होगी कार्रवाईमुख्य चिकित्साधिकारी ने कहा कि आयुष्मान आरोग्य मंदिर समेत जिले के सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर उपचार, जांच और अन्य जरूरी स्वास्थ्य सेवाएं किसी भी स्थिति में बाधित नहीं होनी चाहिए। उपलब्ध और कार्यरत कर्मचारियों से समुचित कार्य लेते हुए मरीजों को नियमित स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि जो कर्मचारी काम करने के लिए तैयार हैं, उन्हें कार्य करने से नहीं रोका जाए।15 दिनों से अनुपस्थित कर्मचारियों की सूची मांगीसीएमओ ने सभी स्वास्थ्य केंद्र प्रभारियों को कर्मचारियों की उपस्थिति, जारी किए गए कारण बताओ नोटिस और अन्य विभागीय कार्रवाई का दैनिक विवरण मुख्य चिकित्साधिकारी कार्यालय को भेजना अनिवार्य किया है। इसके साथ ही पिछले 15 दिनों से लगातार अनुपस्थित चल रहे कर्मचारियों की सूची तत्काल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि संबंधित कर्मियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई के लिए उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट भेजी जा सके।जनता को स्वास्थ्य सुविधाएं देना विभाग की प्राथमिकताडॉ. एन.आर. वर्मा ने कहा कि कर्मचारी अपनी मांगों को नियमानुसार उठाने के लिए स्वतंत्र हैं, लेकिन उनकी हड़ताल या कार्य बहिष्कार के कारण आम जनता को मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित नहीं होनी चाहिए। स्वास्थ्य सेवाओं का सुचारु संचालन विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि इस कार्य में लापरवाही, उदासीनता या अनावश्यक व्यवधान पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों और स्वास्थ्य केंद्र प्रभारियों की जिम्मेदारी तय करते हुए नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

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